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10.August.2026

निर्देश : धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए सतर्क रहे प्रशासन -मुख्यमंत्री धामी

मनसा देवी मंदिर मार्ग में हुई भगदड़ में 8 श्रद्धालुओं की मृत्यु हो जाने पर मुख्यमंत्री ने गहरी चिंता जताई…

सचिवालय में हुई उच्च स्तरीय बैठक में तीर्थस्थलों की व्यवस्थाओं को लेकर अधिकारीयों दिए सख्त निर्देश..

हरिद्वार स्थित मनसा देवी मंदिर परिसर में रविवार को हुई भगदड़ में 8 श्रद्धालुओं की मृत्यु के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने तीर्थ स्थलों पर व्यवस्थाओं को लेकर गहरी चिंता जताई है। उन्होंने इस घटना को अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण बताया और कहा कि अब प्रदेश के सभी प्रमुख धार्मिक स्थलों पर व्यवस्थाओं को पूरी तरह से सुदृढ़ किया जाए..

मुख्यमंत्री धामी ने सोमवार को शासन और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि श्रावण मास और आगामी तीर्थ यात्राओं को देखते हुए प्रदेश भर के सभी प्रमुख मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर निम्न व्यवस्थाएं तुरंत प्रभाव से सुनिश्चित की जाएं:

मुख्यमंत्री द्वारा दिए गए निर्देश:

भीड़ नियंत्रण एवं मार्ग व्यवस्था : तीर्थ स्थलों पर श्रद्धालुओं की संख्या के अनुसार मार्ग-प्रबंधन किया जाए। एकतरफा आवाजाही की व्यवस्था, वैकल्पिक रास्ते, तथा अनाधिकृत दुकानें हटाने की कार्रवाई की जाए ताकि मार्ग अवरुद्ध न हों।

यातायात एवं पार्किंग प्रबंधन: आने-जाने के रास्तों को सुचारु बनाए रखा जाए। वाहनों के लिए उचित पार्किंग की व्यवस्था और श्रद्धालुओं के लिए पैदल मार्ग स्पष्ट रूप से निर्धारित हों।

साफ-सफाई और स्वास्थ्य सुरक्षा: धार्मिक स्थलों पर स्वच्छता बनाए रखने के लिए नगर निकायों को विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है। शुद्ध पेयजल, सार्वजनिक शौचालय तथा रोग निवारक उपाय भी सुनिश्चित किए जाएं।

चिकित्सा सेवाएं और नियंत्रण कक्ष: प्रत्येक प्रमुख स्थल पर प्राथमिक उपचार केंद्र, चिकित्सकीय दल तथा एम्बुलेंस की स्थायी व्यवस्था हो। नियंत्रण कक्ष चौबीसों घंटे कार्यरत रहें और सहायता नंबरों का व्यापक प्रचार किया जाए।

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सुरक्षा बल की तैनाती: संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल, होमगार्ड, नागरिक सुरक्षा तथा आपदा राहत बल की तैनाती हो। सभी अधिकारी पूरी सजगता के साथ ड्यूटी पर रहें।

निरीक्षण और निगरानी: जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक स्वयं स्थलों का निरीक्षण करें और व्यवस्था की निगरानी करें। श्रद्धालुओं से संवाद बनाए रखें और तुरंत प्रतिक्रिया दें।

मामले की जांच: मनसा देवी हादसे की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए गए हैं, जिसकी रिपोर्ट 15 दिनों में प्रस्तुत की जाएगी। अफवाह फैलाने वालों पर कानूनी कार्यवाही की जाएगी।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि अब किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा राज्य सरकार की प्राथमिकता है और सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें।

 

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कमल सिंह चौधरी

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